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दुनिया की इन 7 जगहों पर नहीं है मरने की इजाजत, वजह हैरान करने वाली है

1:53 pm 21 Jul, 2018

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भला मरने की इजाजत क्यों लेनी होगी? आप सोच रहे होंगे क्या बकवास है ये भला कोई अपनी मर्जी से मरता है क्या? मौत तो कभी भी किसी को आ सकती है तो भला कोई कैसे किसी को मरने से रोक सकता है। मगर आज हम आपको जिन जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं, वहां सचमुच लोगों का मरना मना है और ये अकारण नहीं है, इसके पीछे पुख्ता वजह भी है।

इन शहरों में लोगों को मरने की इजाजत नहीं है।

 

लंजारोन | स्पेन

दक्षिण स्पेन के मेयर ने 1999 में एक अजीब फरमान सुनाया कि लोग तब तक नहीं मर सकते, जब तक नगरपालिका अधिकारियों को एक नए कब्रिस्तान के लिए जगह न मिल जाए। दरअसल, उस वक़्त वहां कब्रिस्तान में दफनाने की जगह ही कम पड़ गई थी, इसलिए मेयर को ऐसा आदेश देना पड़ा। साथ ही इसका मकसद लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना भी था, ताकि वो अपनी सेहत पर ध्यान दें और अचानक होने वाली मौतों की संख्या मे कमी आए।

 

 

कॉग्नॉक्स | फ्रांस

फ्रांस के कॉग्नॉक्स नामक जगह पर भी 2007 में कुछ अजीब बात हुई। दरअसल, यहां दो कब्रिस्तान थे, जिनमें दफनाने की जगह करीब-करीब खत्म हो चुकी थी, इससे परेशान होकर यहां के मेयर ने उन लोगों की मौत को अवैध घोषित कर दिया था, जिनके पास दफन होने के लिए जगह नहीं बची थी। हालांकि, लोगों के विरोध के बाद उन्हें अपना ये फैसला वापस लेना पड़ा था।

 

 

सीलिया | इटली

दक्षिणी इटली की सेलिया के मेयर को इस बात का डर सता रहा था कि कहीं इस जगह का अस्तित्व ही न खत्म हो जाए, क्योंकि 537 लोगों की आबादी वाले इस स्थान पर 65 साल से ज़्यादा के बुज़ुर्गों की संख्या ज़्यादा थी, इसलिए मेयर ने यहां मरने पर ही प्रतिबंध लगा दिया। दरअसल, इसका मकसद लोगों को अपनी सेहत के प्रति जागरूक करना था, जिससे उनकी उम्र लंबी हो।

बिरिटिबा मिरिम | ब्राजील

कब्रिस्तान की कमी की वजह से 2005 में ब्राजील की इस जगह पर भी लोगों को मरने की इजाजत नहीं थी। 2010 में यहां नए कब्रिस्तान बनाए गए।


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सरपॉर्नेक्स | फ्रांस

यहां का हाल भी बाकी जगहों जैसा ही था। 2008 में कब्रिस्तान में जगह की कमी होने की वजह से यहां के मेयर ने भी लोगों के मरने पर प्रतिबंध लगा दिया था, मगर बाद में इस फैसले को वापस ले लिया।

 

 

लॉन्जेर्बेन | नॉर्वे

नार्वे के इस स्थान पर 1950 में इस बात का पता चला कि पहले से दफनाए मृत शरीर अभी तक डिकंपोज नहीं हुए हैं, ऐसे में यहां भी मरे हुए लोगों को दफनाने पर रोक लगा दी गई।

 

 

फालसियानो डेल मैसिको | इटली

इटली के इस शहर में अपना कब्रिस्तान नहीं था, ऐसे में यहां मरे लोगों को पड़ोसी शहर में दफनाया जाता था, लेकिन कुछ समय बाद दोनों शहरों के बीच अनबन हो गई और पड़ोसी शहर ने मृतकों को दफनाने से मना कर दिया। ऐसे में डेल मैसिको को अपना कब्रिस्तान बनाना पड़ा, लेकिन उसमें काफी समय लगा। इस बीच इस शहर में मरने पर प्रतिबंध लगा दिया गया।

 

वाकई ये बहुत अजीब बात है, क्योंकि मौत पर तो किसी का वश नहीं चलता। वो कब, किसे, कहां अपनी आगोश में ले लेगा पता नहीं चलेगा।

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