मोदी सरकार दे रही सस्‍ता घर खरीदने का मौका, ऑनलाइन करिए आवेदन

12:00 pm 4 Nov, 2016


केन्द्र सरकार अब प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लोगों को सस्ता घर खरीदने का मौका दे रही है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

सस्ता घर हासिल करने के इच्छुक अभ्यर्थी देश भर में करीब 60 हजार कॉमन सर्विस सेन्टर पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए महज 25 रुपए का शुल्क रखा गया है।

केन्द्र सरकार देश के शहरी इलाकों में 2 करोड़ घर बनाने जा रही है।

इस सेवा को शुरू करने के पीछे सरकार का तर्क यह है कि लोगों को स्थानीय दफ्तरों या अधिकारियों के चक्कर नहीं काटने होंगे और वे सरकार की इस योजना का लाभ बिना किसी रुकावट के उठा सकते हैं।

इस तरह हो सकता है आपके घर का सपना साकार

1. पूरी जानकारी के लिए नजदीकी कॉमन सर्विस सेन्टर पर जाएं।
2. ऑनलाइन फॉर्म भरें।
3. आवेदकों को एक रसीद दी जाएगी, जिसमें आवेदक की फोटो लगी होगी।
4. इस रसीद के जरिए आवेदन के स्टेटस का पता लगाया जा सकेगा।
5. इस योजना का लाभ लेने के लिए आधार कार्ड का होना जरूरी है।
6. जिनके पास आधार कार्ड नहीं है, उनका वेरिफिकेशन किया जाएगा, जिसके बाद वे भी अपना घर खरीद सकते हैं।

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत वर्ष 2005-14 तक करीब 13.70 लाख गरीबों को आवास आवंटित किए गए थे। वहीं, सिर्फ एक साल में ही मोदी सरकार ने 11 लाख शहरी गरीबों को सस्ता आवास उपलब्ध कराया है। सरकार की शहरी क्षेत्रों में 2 करोड़ घर बनाने की योजना है।

सस्ता घर के लिए जरूरी शर्त।

लो इनकम ग्रुप या समाज के आर्थिक तौर पर कमजोर तबकों के लिए यह योजना है। शहर में 6 लाख रुपए सालाना से कम कमाने वाले लोग लो इनकम ग्रुप में आते हैं, जबकि 3 लाख रुपए से कम सालाना कमाई करने करने वाले इकोनॉमिकी वीकर सेक्‍शन के तहत आते हैं।

इसके अलावा किसी भी धर्म या जाति की कोई भी महिला इस स्‍कीम के तहत सस्‍ते घर के लिए आवेदन कर सकती है। महिला को पुरूष आवेदक पर प्राथमिकता मिलेगी। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लोग भी स्‍कीम के तहत सस्‍ते घर के लिए आवेदन कर सकते हैं।

इस योजना का लाभ सभी को मिल सके, सरकार ने इसकी तैयार कर ली है। सस्ता घर खऱीदने के लिए सरकार की तरफ से लाभार्थी को 6 लाख रुपए तक का कर्ज करीब 6.5 फीसदी ब्याज दर के हिसाब से मुहैया कराए जाएंगे। यह मौजूदा समय के होम लोन की दर 10 फीसदी से कहीं कम है।

सस्ता घर खरीदने के क्रम में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। टॉपयाप्स की टीम ने जब कॉमन सर्विस सेन्टर खोजने की कोशिश की तो इसका लिंक अब तक अंडर कंस्ट्रक्शन दिख रहा है। वहीं, दूसरी तरफ आवास मंत्रालय की वेबसाइट पर इस योजना से संबंधित कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है।

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